पत्रिका: आसपास, अंक: दिसम्बर 2010, स्वरूप: मासिक, संपादक:राजुरकर राज, पृष्ठ: 32, मूल्य: 5रू.(वार्षिक 50), ई मेल: , वेबसाईट: , फोन/मो. 9425007710, सम्पर्क: एच 3, उद्धवदास मेहता परिसर, नेहरू नगर , भोपाल 462003 म.प्र.
लेखकों की संवाद प्रधान पत्रिका का हर अंक जानकारीप्रद होता है। समीक्षित अंक में बेले कोरियोग्राफर पद्मश्री गुलवर्धन से संबंधित समाचार पत्रिका ने प्रमुखता से प्रकाशित किया है। विनय उपाध्याय का लेख चिराग़-ए-गुल की रौशनी कम न होगी(दैनिक भास्कर से साभार) अच्छा व जानकारीपरक लेख है। बाल साहित्यकार चित्रांश बाघमारे को मिले राष्ट्रपति सम्मान, अब बनेगा साहित्यिक गजेटियर, अरूंधति के आशियाने पर भी शामत तथा सतत सक्रियता का नाम ज्ञानरंजन लेख शब्दकर्मियों को एक दूसरे से जुड़े रहने में उपयोगी हैं। श्री मंडलोई को सौपी पाण्डुलिपि संग्रहालय की कमान तथा हिंदी भवन में हिंदी सेवी अलंकरण समारोह की विस्तृत रपट एवं प्रदेश के उर्दू अकादमी सम्मानों की घोषणा के समाचार साहित्यिक हलचल व गतिविधियों की जानकारी विस्तार से देते हैं। पत्रिका के अन्य समाचार, स्थायी स्तंभ व सामग्री भी सूचनापरक व उपयोगी है।

3 تعليقات

  1. इसमें हिन्‍दी ब्‍लॉग जगत की जानकारियां प्रकाशित करने के लिए भी माननीय राजुरकर राज जी से विनम्र अनुरोध है।
    गिरीश बिल्‍लौरे और अविनाश वाचस्‍पति की वीडियो बातचीत

    ردحذف
  2. बहुत देर से इसकी नियमित पाठक हूँ। आभार।

    ردحذف

إرسال تعليق

أحدث أقدم